35 वर्षों की सेवा के बाद भाजपा से नाता तोड़ रामलखन प्रसाद ने ब्रह्मदेव प्रसाद का थामा दामन, सैकड़ों समर्थकों के साथ किया समर्थन का ऐलान
35 वर्षों की सेवा के बाद भाजपा से नाता तोड़ रामलखन प्रसाद ने ब्रह्मदेव प्रसाद का थामा दामन, सैकड़ों समर्थकों के साथ किया समर्थन का ऐलान
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) में 35 वर्षों तक सेवा देने वाले और कांडी, बरडीहा, मांझिआंव क्षेत्रों में पार्टी की रीढ़ माने जाने वाले रामलखन प्रसाद ने रविवार को भाजपा छोड़कर ब्रह्मदेव प्रसाद का समर्थन करने की घोषणा की। इस अवसर पर उपस्थित प्रमुख समर्थकों में शशि कुमार, प्रियांशु चंद्रा, नीतीश कुमार, प्रिंस कुमार, ध्रुव प्रकाश, समीर खान, राहुल कुमार चौधरी, मसीउल हक, धीरज कुमार, नंद प्रकाश, उमेश प्रसाद, आशू कुमार, अंकित कुमार, अनूप कुमार, साकिर खान, रितेश कुमार, आनंद कुमार, दीपू कुमार, ओम प्रकाश, अभिराज गुप्ता, मुकेश चौधरी, ललन साहू, पंकज कुमार गुप्ता, संदीप रजवार, बिनोद पासवान, नारायण साव, महेश साव, उपेंद्र गुप्ता, कामेश्वर साव, राकेश यादव, उमेश यादव, जितेंद्र कुमार, विकास पाल, राजेश प्रसाद, अवधेश गुप्ता, भीखन यादव, सुधीर कुमार, ललन कुमार, अफरीन, उमेश ठाकुर समेत अन्य सैकड़ों लोग शामिल थे।
रामलखन प्रसाद ने अपने इस फैसले के बारे में कहा कि पिछले 10 वर्षों से पार्टी में लगातार दुर्व्यवहार का सामना करते हुए, मैंने भाजपा से दूरी बनाने का निर्णय लिया है। अब मैं पूरी लगन से ब्रह्मदेव प्रसाद के साथ कार्य करूंगा और विधानसभा चुनाव में टॉर्च छाप को जीताने के लिए हर संभव प्रयास करूंगा।
यह घोषणा कांडी कार्यालय में आयोजित एक सभा में की गई, जहां समर्थकों ने जोरदार नारेबाजी के साथ ब्रह्मदेव प्रसाद के प्रति अपना समर्थन जाहिर किया। रामलखन प्रसाद का भाजपा छोड़ना पार्टी के लिए एक बड़ा झटका माना जा रहा है, जबकि ब्रह्मदेव प्रसाद के लिए यह समर्थन विधानसभा चुनाव में उनके पक्ष में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि साबित हो सकती है।