अनाथ बेटी का हाथ थाम बना मिसाल, डॉ. कौशल दंपती ने कराया कन्यादान
डॉ कौशल व मुखिया पूनम जायसवाल अबतक 22 कन्याओं का करा चुके हैं कन्यादान
छतरपुर (पलामू),
सुदूरवर्ती पाटादोहर गांव में बुधवार की रात मानवता और सामाजिक सरोकार की अनूठी मिसाल देखने को मिली। वन राखी मूवमेंट के प्रणेता “ट्री मैन” डॉ. कौशल किशोर जायसवाल एवं उनकी धर्मपत्नी सह डाली पंचायत की मुखिया पूनम जायसवाल ने अनाथ युवती बरती कुमारी का धूमधाम से विवाह कराकर कन्यादान किया।
बरती कुमारी, स्वर्गीय सुकुल सिंह की पुत्री हैं। उनका विवाह अर्जुन सिंह के साथ संपन्न कराया गया। विवाह समारोह में डॉ. कौशल दंपती ने नवदंपती को बर्तन, वस्त्र एवं आशीर्वाद स्वरूप अमरूद और कपूर के पौधे भेंट किए। साथ ही बारातियों के बीच भी पौधों का वितरण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया।
बताया गया कि डॉ. कौशल किशोर जायसवाल एवं मुखिया पूनम जायसवाल अब तक 22 अनाथ एवं गरीब बच्चियों के विवाह में आर्थिक सहयोग देकर कन्यादान करा चुके हैं।
इस अवसर पर डॉ. कौशल ने कहा कि गरीबों की सेवा ही सच्ची ईश्वर पूजा है। उन्होंने कहा कि उन्होंने अपना जीवन समाज सेवा और पर्यावरण संरक्षण को समर्पित कर दिया है। वहीं छतरपुर पूर्वी के जिला पार्षद अमित कुमार जायसवाल भी क्षेत्र में जरूरतमंद परिवारों की बेटियों की शादी में चावल एवं आर्थिक सहयोग उपलब्ध कराते रहते हैं।
मुखिया पूनम जायसवाल ने कहा कि अनाथ कन्या का विवाह कराना सबसे बड़ा पुण्य कार्य है। उन्होंने बताया कि बुधवार को उनके पंचायत क्षेत्र में दो अन्य दुखद घटनाएं भी हुईं। इमामुद्दीन अंसारी पेड़ से गिरकर घायल हो गए, जिनके इलाज के लिए 5100 रुपये की सहायता दी गई। वहीं उषा देवी आग से झुलस गईं, जिन्हें बेहतर इलाज के लिए फिलहाल 5100 रुपये देकर रांची भेजा गया। इसी कारण जिला पार्षद अमित कुमार जायसवाल विवाह समारोह में शामिल नहीं हो सके।
विवाह समारोह में कन्या पूजन से शुरू और समधि मिलन के पश्चात समापन बरती कुमारी की चाची शंभू कुंवर, अदरु सिंह, बीना कुमारी, बिला देवी, फूला देवी, सुधीर सिंह, मुन्ना सिंह, चनारिक सिंह, राजकुमार सिंह, भोला सिंह, महेंद्र सिंह, अरुण सिंह, विनय सिंह एवं सुमित सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण महिला-पुरुष उपस्थित थे।